जेल में बंद राम रहीम को हनीप्रीत की आई याद तो पुलिस के सामने रखी अजीबों-गरीब इच्छा।

ram rahim honeypreet

राम रहीम कई सालों से जेल कई केसों में बंद हैं। जिसकी तबियत कुछ दिन से ख़राब हैं। खबर है की राम रहीम को निम्न रक्तचाप की परेशानी हैं जिसके चलते राम रहीम को रोहतक के पीजीआई में भर्ती किया गया था। जिसमे राम रहीम को करीब 21 घंटे तक अस्पताल में रखने के बाद स्थिति में सुधार दिखने पर फिर से गुरुवार को सुनारिया जेल भेज दिया हैं। बताया जा रहा है की राम रहीम को अपनी पत्नी, बेटे और हनीप्रीत की बहुत याद आ रही हैं जिससे वह मिलने की भी इच्छा कर रहा हैं।

Ram Rahim

खबर है की राम रहीम ने इलाज के दौरान भी हनीप्रीत, अपनी पत्नी और बेटे से मिलने की बहुत इच्छा जाहिर की। लेकिन राम रहीम की सुरक्षा में मौजूद पुलिस अधिकारीयों ने उसे मिलने नहीं दिया। इस बारे में पुलिस अधिकारीयों ने कहा की राम रहीम के पास कोई भी ऐसी इजाजत नहीं हैं की वह अपनों से मिल सके। इसके लिए अदालत से आदेश लेने की जरुरत होती है जिसके बाद ही किसी भी कैदी को अपनों से मिलने की इजाजत दी जाती हैं।

बुधवार को अस्पताल में बुधवार को किया था भर्ती

ram rahim honeypreet

ऐसी खबर है की जेल में बंद राम रहीम की तबियत ख़राब हो गई थी जिसके बाद उसकी जांच करवाई गई थी। जांच के बाद बुधवार को पीजीआई के चार चिकित्सकों ने राम रहीम की जांच की थी। जिसमे उसे अस्पताल में भर्ती करने को कहा गया था। और फिर राम रहीम को बुधवार के दिन ही 6 बजे पीजीआई वार्ड-7 में भर्ती करवाया गया था। जिसके बाद सूत्रों से खबर है की राम रहीम को करीब रात 1 बजे घबराहट होने लगी जिसकी जानकारी राम रहीम ने उसकी सुरक्षा में तैनात अधिकारीयों को दी और कहा की “घबराहट हो रही है और अपनी पत्नी, बेटे और हनीप्रीत से मिलना चाहता हूँ।”

Ram  Rahim Family

लेकिन जैसे ही यह सुचना पुलिस प्रशासन के पास पहुंची तो उन्होंने इसे ख़ारिज कर दिया। लेकिन फिर भी राम रहीम अपनी जिद पर अड़ा रहा और उसने सुबह भी पत्नी-बेटे और हनीप्रीत से मिलने की इच्छा की और जिद करने लगा। और फिर दोपहर 12 बजे उसकी एक बार फिर से जांच की गई जिसमे वह ठीक पाया गया। जिसके बाद उसे पीजीआई से डिस्चार्ज कर दिया गया।

राम रहीम की सुरक्षा में किए गए थे पुरे इंतजाम

बता दे की जब राम रहीम को पीजीआई के अस्पताल में भर्ती करवाया गया तो उसकी सुरक्षा में 120 पुलिस जवान और एक डीएसपी की भी तैनाती की गई थी। और इसके साथ ही जिस वार्ड में राम रहीम को भर्ती किया गया था उस वार्ड में भी पुलिस के अलग से कैमरा लगाए गए थे। इतना ही नहीं राम रहीम के इलाज के लिए आए डॉक्टर नर्स और पुलिस कर्मी की सूचि भी तैयार की गई हैं। और रोहतक पुलिस लगातार सिरसा की पुलिस के संपर्क में रही और डेरे की सारी गतिविधियों और अनुयायियों पर भी पुलिस की पूरी नजर थी। इतनी सुरक्षा इसलिए क्योकि पुलिस को इस बात का अंदेशा था की उसके अनुयायी पीजीआई आ सकते है और हंगामा कर सकते हैं। जिसके कारण पुलिस पहले से ही इंतज़ाम में थी।

पुलिस अधीक्षक राहुल शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया की राम रहीम के स्वास्थ्य में सुधार दिखने के बाद पीजीआई की ओर से 02:15 बजे डिस्चार्ज कर दिया गया था। जिसके बाद पुलिस की कड़ी सुरक्षा में उसे वापस 03:15 बजे सुनारिया जेल भेज दिया गया था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top